Lyrics: Irshad Kamil
Music: Irshad Kamil
<< झक मार के >>
अब ना तू रखना तू
मेरे दिल का ये छोट-मोटा हक़ मार के
गलती से गलती की
तभी पीछे-पीछे आया तेरे झक मार के
अब ना तू रखना तू
मेरे दिल का ये छोट-मोटा हक़ मार के
गलती से गलती की
तभी पीछे-पीछे आया तेरे झक मार के
तुझपे ना ऐतबार मुझे
फ़ीका लगे तेरा प्यार मुझे
मैं ना बनाऊँ दिलदार तुझे
सारे सपने थे झूठे अब तक प्यार के
दिल जाने रब जाने
रह गया मैं तेरे आगे दिल हार के
गलती से गलती की
तभी पीछे-पीछे आया तेरे झक मार के
~ संगीत ~
जब जब यारा ढूँढू तुझको
पा लूँ मैं खुद को ही
तू ही है मेरा पता
दुनिया भर की कसमें खाकर
कर के वादे कहता हूँ
आगे से ना होगी ख़ता
तुझसे अब ना मोहब्बत है
तेरी न मुझको ज़रुरत है
मेरी तो ऐसी सूरत है
लग जाएँगे यहाँ अब दिल हार के
लाखों मे इक मैं हूँ
कोई आएगा ना आगे अब इस यार के
गलती से गलती की
तभी पीछे-पीछे आया तेरे झक मार के
झक मार के.....
~ संगीत ~
तेरी आँखों में डूबी मैं,
देखूँ अपनी आँखों को
ओ बीते यूँ ही सारी उमर
तेरी बाहों में लिपटी मैं,
मेरी बाहों में तू हो
दुनिया की हो ना खबर
हो ना ज़रुरत बातों की
मिले लकीरे हाथों की
सालों से उमर हो रातों की
ऐसे भी देखे दोनों पल प्यार के
कल ऐसे, पल ऐसे
आनी तेरी मेरी चाहतों को इकरार के
गलती से गलती की
तभी पीछे-पीछे आया तेरे झक मार के
तुझपे ना ऐतबार मुझे
फ़ीका लगे तेरा प्यार मुझे
मैं ना बनाऊँ दिलदार तुझे
सारे सपने थे झूठे अब तक प्यार के
दिल जाने रब जाने
रह गया मैं तेरे आगे दिल हार के
गलती से गलती की
तभी पीछे-पीछे आया तेरे झक मार के